Delhi Bakrid Guidelines 2026: बकरीद (Eid-ul-Adha) से पहले दिल्ली सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए राजधानी में कुर्बानी को लेकर नई गाइडलाइन जारी कर दी है. दिल्ली सरकार के विकास मंत्री कपिल मिश्रा ने साफ कहा है कि गाय, बछड़ा, ऊंट और अन्य प्रतिबंधित जानवरों की कुर्बानी पूरी तरह गैरकानूनी मानी जाएगी. नियम तोड़ने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है.
किन जानवरों की कुर्बानी पर रोक?
दिल्ली सरकार की एडवाइजरी के अनुसार, राजधानी में गाय, बछड़ा, ऊंट और अन्य प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी नहीं दी जा सकती. सरकार ने स्पष्ट किया है कि दिल्ली Agricultural Cattle Preservation Act, 1994 के तहत गायों के वध पर पहले से प्रतिबंध लागू है. वहीं Food Safety and Standards नियमों के अनुसार ऊंट को “Food Animal” की श्रेणी में नहीं रखा गया है, इसलिए उसकी कुर्बानी भी अवैध मानी जाएगी.
सार्वजनिक जगहों पर कुर्बानी पूरी तरह बैन
सरकार ने यह भी साफ किया है कि सड़क, गली, पार्क या किसी भी सार्वजनिक स्थान पर जानवरों की कुर्बानी नहीं दी जा सकती. केवल अधिकृत कसाईखाना या तय स्थानों पर ही यह प्रक्रिया की जा सकेगी. नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ पुलिस और प्रशासन तुरंत कार्रवाई करेगा. विकास मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा कि दिल्ली सरकार “Zero Tolerance Policy” पर काम करेगी और किसी भी तरह की अवैध गतिविधि बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
सोशल मीडिया पर फोटो-वीडियो शेयर करने पर भी रोक
इस बार जारी गाइडलाइन में एक नया और बड़ा नियम भी जोड़ा गया है. सरकार ने कुर्बानी की फोटो या वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट करने, शेयर करने या वायरल करने पर भी रोक लगा दी है. सरकार का कहना है कि इससे धार्मिक संवेदनशीलता और कानून-व्यवस्था प्रभावित हो सकती है.
परिवहन नियमों का पालन जरूरी
एडवाइजरी में पशुओं की ढ़ुलाई को लेकर भी सख्त निर्देश दिए गए हैं. सरकार ने कहा है कि कई मामलों में जानवरों को गलत तरीके से भरा जाता है, जिससे उन्हें क्रूरता का सामना करना पड़ता है. इसलिए Prevention of Cruelty to Animals Rules और Transport of Animals Rules का पालन अनिवार्य होगा.
प्रशासन और पुलिस को अलर्ट
दिल्ली सरकार ने सभी जिलाधिकारियों (DM), पुलिस अधिकारियों, MCD और अन्य विभागों को निर्देश जारी कर दिए हैं कि अवैध पशु बाजार, अवैध कुर्बानी स्थल और नियम तोड़ने वालों पर नजर रखी जाए. खास तौर पर बकरीद से पहले कई इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है.
क्या बोले कपिल मिश्रा?
मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा कि दिल्ली की सांस्कृतिक और पर्यावरणीय विरासत की रक्षा करना सरकार की जिम्मेदारी है. उन्होंने कहा कि त्योहार शांतिपूर्ण और कानून के दायरे में मनाया जाना चाहिए. सरकार का उद्देश्य किसी धर्म विशेष को निशाना बनाना नहीं, बल्कि कानून और Animal Welfare Rules का पालन सुनिश्चित करना है.
बकरीद से पहले जारी इस एडवाइजरी के बाद दिल्ली में प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है. आने वाले दिनों में राजधानी में चेकिंग और मॉनिटरिंग और तेज होने की संभावना जताई जा रही है.
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