West Bengal Assembly Election 2026: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव अब पूरी तरह चुनावी मोड में आ चुका है. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस बार राज्य में सत्ता हासिल करने के लिए अपनी पूरी ताकत झोंक दी है. केंद्रीय नेतृत्व से लेकर स्थानीय स्तर तक, पार्टी लगातार रैलियां, रोड शो और घोषणाओं के जरिए मतदाताओं को साधने में जुटी है.
हाल ही में गृह मंत्री अमित शाह ने भाजपा का “संकल्प पत्र” जारी किया, जिसमें महिलाओं को हर महीने आर्थिक सहायता, रोजगार के अवसर और भ्रष्टाचार पर कड़ा एक्शन जैसे बड़े वादे किए गए हैं. इसके साथ ही कानून-व्यवस्था, घुसपैठ और विकास को चुनाव का मुख्य मुद्दा बनाया गया है.
ममता बनर्जी का जवाबी हमला
दूसरी ओर, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और उनकी पार्टी तृणमूल कांग्रेस (TMC) भी पूरी ताकत से मैदान में हैं. ममता बनर्जी भाजपा पर लगातार हमला बोल रही हैं और उसे “बाहरी ताकत” बताकर बंगाल की पहचान और संस्कृति बचाने की बात कर रही हैं. उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया है कि वह राज्य में माहौल खराब करने और वोटों को प्रभावित करने की कोशिश कर रही है. साथ ही उन्होंने अपने शासनकाल में विकास, सामाजिक योजनाओं और राज्य की उपलब्धियों को जनता के सामने रखा है.
चुनावी मुद्दे: विकास बनाम पहचान
इस चुनाव में मुख्य मुकाबला “विकास बनाम क्षेत्रीय पहचान” के मुद्दे पर देखा जा रहा है. भाजपा “डबल इंजन सरकार” और तेज विकास का वादा कर रही है, वहीं TMC “बंगाल की अस्मिता” और लोकल नेतृत्व को मुद्दा बना रही है. राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, यह चुनाव एक तरह से ममता बनर्जी बनाम भाजपा का सीधा मुकाबला बन गया है.
कब होंगे चुनाव?
पश्चिम बंगाल में इस बार मतदान दो चरणों में आयोजित किया जाएगा. पहले चरण के तहत 23 अप्रैल को वोटिंग होगी, जबकि दूसरे चरण में 29 अप्रैल को मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे. चुनाव के नतीजे 4 मई को घोषित किए जाएंगे. 294 सीटों पर होने वाला यह मुकाबला देश के सबसे हाई-प्रोफाइल और चर्चित चुनावों में शामिल है.
क्या ममता सरकार रहेगी या जाएगी?
सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या ममता बनर्जी अपनी सत्ता बचा पाएंगी या भाजपा पहली बार बंगाल में सरकार बनाएगी? ताजे रिपोर्ट्स के मुताबिक, मुकाबला कड़ा है. कुछ आकलनों में TMC की बढ़त बताई जा रही है, लेकिन भाजपा भी मजबूत चुनौती दे रही है और वोट प्रतिशत में लगातार सुधार की कोशिश कर रही है.
4 मई को खुलेगा सत्ता का राज
बंगाल चुनाव 2026 सिर्फ एक राज्य का चुनाव नहीं, बल्कि राष्ट्रीय राजनीति की दिशा तय करने वाला बड़ा मुकाबला बन गया है. भाजपा ने पूरी ताकत झोंक दी है, जबकि ममता बनर्जी अपनी पकड़ बनाए रखने के लिए हर संभव प्रयास कर रही हैं. अब फैसला जनता के हाथ में है कि परिवर्तन होगा या ममता का जादू फिर चलेगा, इसका जवाब 4 मई को मिलेगा.
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